Thursday, November 29, 2018

PUBG में आ रहा है नया मैप Vikendi, देखें कैसा होगा

पॉपुलर बैटल गेम PUBG में नया मैप जुड़ने वाला है. भारत सहित दुनिया भर में ये गेम काफी तेजी से पॉपुलर हुआ है. ऑफिशियल रिलीज से पहले इंटरेट पर लीक्ड मैप दिखा है. इस नए मैप को Vikendi कहा जाएगा और इसमें बर्फबारी दिखाई जाएगी. एक यूट्यूब चैनल पर वीडियो है जिसमें इस मैप को विस्तार से दिखाया गया है.

यह विंटर आधारित मैप है और ट्वीटर पर लोग इसे लेकर काफी उत्साहित हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक यह मैप सर्वर पर अपलोड कर दिया गया है और जल्द ही इसे लाइव किया जा सकता है.

एक यूट्यूब चैनल ने मैप्स लीक के आधार पर इसका कॉन्सेप्ट वीडियो तैयार किया है जिसे दखकर अंदाजा लागाया जा सकता है कि मैप्स कैसा है. इस मैप में एक बड़ा कॉस्मोड्रोम और रॉकेट है. यहां कमांड सेंटर, सैटेलाइट्स और टावर भी दिख रहे हैं. हालांकि इस नए मैप में कितनी सच्चाई है ये तो आने वाले समय में ही पता चलेगा.

PUBG से ही जुड़ी एक दूसरी रिपोर्ट की बात करें तो अब ये गेम कंप्यूटर और मोबाइल के बाद अब PS4 पर आ रहा है. सोनी ने इसके लिए प्री बुकिंग शुरू कर दी है. 7 दिसंबर को कंपनी PS4 के लिए इसे रिलीज कर देगी. लिस्टिंग में Vikendi event pass है और पहले बताया जा रहा था की यह 2019 में आएगा, लेकिन अब रिपोर्ट है कि यह मैप 7 दिसंबर को PS4 प्लेटफॉर्म के साथ ही आएगा.

फिलहाल PUBG मोबाइल क्लासिक में चार मैप मिलते हैं. इसमें Erangel, Miranmar और Sanhok शामिल हैं. यानी अब जल्द ही आपके पास चार मैप के ऑप्शन होंगे. Sanhok मैप हाल के ही अपडेट के साथ ऐड किया गया है.

राफेल डील और नोटबंदी को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी का मोदी सरकार पर हमला जारी है. मोदी सरकार में आर्थिक सलाहकार रहे अरविंद सुब्रह्मण्यन ने नोटबंदी को तगड़ा झटका करार दिया. अरविंद सुब्रह्मण्यन के इस बयान के बाद राहुल गांधी को मोदी सरकार पर हमला करने का एक और मौका मिल गया. कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि राफेल की तरह नोटबंदी भी देश के खिलाफ किया गया एक अपराध था और यह एक बहुत बड़ा घोटाला है.

राहुल गांधी ने ट्वीट करते हुए कहा कि खुद को बचाने के लिए पूर्व रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर इससे अलग हो गए और अब अरविंद सुब्रह्मण्यन भी वैसा ही कर रहे हैं.

कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि मैं हैरान हूं कि जब वह सरकार के इस कदम से इतने असहमत थे तो तभी उन्होंने इस्तीफा क्यों नहीं दिया. राहुल गांधी ने कहा कि देश को परेशान होने की कोई जरूरत नहीं है, जो भी दोषी होगा उसको सजा मिलेगी.

क्या कहा था अरविंद सुब्रह्मण्यन ने

दरअसल अरविंद सुब्रह्मण्यन ने नोटबंदी को एक बड़ा झटका करार देते हुए कहा कि नोटबंदी इकोनॉमी के लिए एक खतरनाक और तगड़ा झटका था. इससे अर्थव्यवस्था के विकास की रफ्तार तेजी से गिरने लगी. उन्होंने कहा कि इस एक कदम से चलन में 86 फीसदी मुद्रा बाहर निकाल दी गई थी. नोटबंदी का असर रियल जीडीपी पर देखने को मिला.

अरविंद ने कहा कि कि इकोनॉमी की रफ्तार वैसे पहले से ही धीमी थी. लेक‍िन नोटबंदी के बाद यह और भी तेजी से गिरने लगी. उन्होंने अपनी किताब 'ऑफ काउंसेल: द चैलेंजेस ऑफ द मोदी-जेटली इकोनॉमी' में लिखा कि नोटबंदी से पहले की 6 तिमाही में अर्थव्यवस्था की रफ्तार 8 फीसदी की दर से थी. नोटबंदी के बाद की बात करें, तो इसके बाद 7 तिमाही में इकोनॉमी की रफ्तार घटी और यह 6.8 फीसदी पर आ गई.

Wednesday, October 31, 2018

दिल्ली-एनसीआर में सिर्फ ग्रीन पटाखों की बिक्री

सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को साफ कर दिया है कि दिल्ली में सिर्फ ग्रीन पटाखों की ब्रिकी होगी। इसके अलावा किसी भी प्रकार के पटाखों की बिक्री नहीं हो सकेगी। कोर्ट ने तमिलनाडु के लिए दिवाली पर आतिशबाजी करने के लिए सुबह 4 से 5 बजे तक और रात को 9 से 10 बजे तक का समय तय किया है। साथ ही शीर्ष अदालत ने स्पष्ट कर दिया कि पूरे देश में ई-कॉमर्स वेबसाइट्स से पटाखों की बिक्री पर रोक जारी रहेगी

कोर्ट ने अपने फैसले में किया संसोधन
इससे पहले मंगलवार को कोर्ट ने दिवाली और अन्य त्योहारों पर दो घंटे आतिशबाजी की अनुमति के अपने फैसले में संसोधन किया था। कोर्ट ने राज्य सरकारों को अधिकार दिया है कि वह अपने क्षेत्र की सुविधा और परंपराओं के अनुसार पटाखे फोड़ने का समय आगे-पीछे कर सकती हैं। लेकिन यह समय किसी भी सूरत में दो घंटे से अधिक नहीं हो सकता।

सुप्रीम कोर्ट ने 23 अक्टूबर को अपने फैसले में कहा था कि देशभर में दिवाली और अन्य त्योहारों पर रात 8 से 10 बजे के बीच ही आतिशबाजी की जाए। साथ ही सिर्फ ग्रीन पटाखे बनाने, बेचने और चलाने का आदेश दिया था। क्रिसमस और नए साल पर रात 11:55 से 12:30 बजे तक ही पटाखे फोड़ने की इजाजत दी गई थी।

मंगलवार को इस मामले पर हुई सुनवाई के दौरान पटाखा कंपनियों के वकील ने कहा कि देशभर में पूरी तरह से ग्रीन पटाखे जुलाई 2019 में आएंगे। इसलिए कोर्ट नियमों में कुछ बदलाव करे। इस पर जस्टिस एके सीकरी और जस्टिस अशोक भूषण की बेंच ने कहा कि कम रोशनी और कम हानिकारक ग्रीन पटाखों से जुड़ा आदेश सिर्फ दिल्ली और एनसीआर के लिए था।

तमिलनाडु सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर रात 8 से 10 बजे के बीच आतिशबाजी करने के समय में बदलाव करने की मांग की थी। सरकार की ओर से पेश वकीलों ने कहा कि राज्य में दिवाली के दिन सुबह पूजा होती है। इसलिए सुबह 4:30 से 6:30 बजे तक पटाखे चलाने की अनुमति दी जाए।

इस दौरान एक वकील ने पुडुचेरी में भी सुबह के वक्त में पटाखे चलाने की अनुमति देने की मांग की। इस पर बेंच ने कहा कि हम समय में बदलाव कर सकते हैं लेकिन आतिशबाजी के लिए एक दिन में दो घंटे से ज्यादा का वक्त नहीं होना चाहिए।